Monday, 6 February 2017

हा हा हाहाहा हा हा ... !!

चाहे उसको बदनाम करो या फिर झूठे मुकद्दमे ठोको
रात दिन यही चिंता है बाली को किसी तरह भी रोको

करवा दी कितनी नादानी नहीं बनेगी दूसरी राजधानी
न कोई सचिव न निर्देशक झूठी ही तुम तालियाँ ठोको

मैंने पाल रखे हैं जो प्यादे उनके भी मुझसे ही हैं इरादे
कामकाज भाड़ में जाये बस आँखों में धूल को झोंको

कॉलेज लो उप- तहसीलें ले लो पर सुनो तुम मेरे चेलो
जो मुझको महाराज पुकारे उसकी बात कभी न टोको

कर दूँ तुम्हारे वारे न्यारे  झूठे ही सही लगाओ मेरे  नारे
मेरे चमचे तो एैश ही करेंगे तुम मरो हिमाचल के लोको

बँद होगी तुम्हारी ही दलाली अग़र सत्ता में आया बाली
उसका रास्ता रोकने को  मेरे साथ सारी ताकत  झोंको

                                                  ... मनोज मैहता

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